Monday 21/ 09/ 2026 

Bharat Najariya
किच्छा में भव्य रोड शो में उमड़ा जनसैलाब, संदीप अरोड़ा के समर्थन में महापौर विकास शर्मा ने किया जनसंपर्कएबीवीपी राष्ट्रवाद और शिक्षा के मुद्दों को लेकर आगे बढ़ने वाला संगठन: विकास शर्मामरणोपरांत भी दुनियां देखेंगी दर्शनलाल जी की आंखें, जाते-जाते दिया समाज को संदेश।सितारगंज पुलिस की कार्रवाई, दो गिरफ्तार92 पाउच कच्ची शराब बरामद,सितारगंज से शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने के आरोप में युवक गिरफ्तारसितारगंज विधान सभा में मुख्यमंत्री चैंपियनशिप ट्रॉफी में बालिका खिलाड़ियों ने दिखाया दमखमसितारगंज राधा अष्टमी पर सनातन धर्म मंदिर में गूंजे कृष्ण भजन, भक्ति में झूमे श्रद्धालुसितारगंज से 14 वर्षीय नाबालिग केरल से सकुशल बरामद, आरोपी गिरफ्तारअवैध तमंचे और जिंदा कारतूस के साथ युवक गिरफ्तारकिच्छा के चुनावी रण में महापौर विकास शर्मा ने बनाया माहौल

पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने जिलाधिकारी उधमसिंहनगर से की मुलाकात: नगला और सिरौली कला क्षेत्रों पर दर्ज कराई आपत्ति दिए सुझाव

पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर नगला नगर पालिका और सिरौली कला क्षेत्र से जुड़े मुद्दों पर अपनी आपत्ति दर्ज कराई और महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए। उन्होंने नगला नगर पालिका क्षेत्र से हाल ही में अलग किए गए पंतनगर विश्वविद्यालय परिसर, हल्दी, संजय कॉलोनी, मस्जिद कॉलोनी को पुनः नगला नगर पालिका में शामिल रखने की मांग की है साथ ही किच्छा नगर पालिका से अलग किए गए सिरौली कला को पुनः नगर पंचायत बनाने की मांग की।

शुक्ला ने अपने आपत्ति पत्र में उल्लेख किया कि उत्तराखंड सरकार द्वारा उनके अनुरोध पर नगला, पंतनगर, और हल्दी क्षेत्रों को मिलाकर नगला नगर पालिका का गठन किया गया था। हाल ही में सरकार ने इन क्षेत्रों को नगला नगर पालिका से अलग करने का निर्णय लिया, जिस पर उन्होंने आपत्ति जताई है। शुक्ला ने बताया कि पंतनगर क्षेत्र, जो पहले त्रिस्तरीय पंचायत के विकास से अछूता था, अब नगर पालिका के तहत आने के बाद सरकारी योजनाओं का लाभ उठा रहा था। इन क्षेत्रों को पुनः अलग करने से यहां के निवासियों को आवश्यक सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पाएगा।

इसके अलावा, शुक्ला ने किच्छा नगर पालिका से अलग किए गए सिरौली कला क्षेत्र को पुनः नगर पंचायत का दर्जा देने की भी मांग की है। उन्होंने बताया कि पूर्व में जब सिरौली कला को नगर पंचायत का दर्जा मिला था, तो स्थानीय जनता खुश थी। हालांकि, कांग्रेस के कार्यकर्ताओं द्वारा नगर पंचायत गठन में हुई मानवीय त्रुटियों के कारण इसे रोक दिया गया था। वर्तमान में, प्रदेश सरकार ने सिरौली कला को किच्छा नगर पालिका से अलग कर दिया है, जिससे यह फिर से ग्रामसभा में बदल जाएगा और इसका नगरीय विकास संभव नहीं होगा।

शुक्ला ने जिलाधिकारी से आग्रह किया है कि वे इस मामले को सरकार के समक्ष उठाएं और सिरौली कला को पुनः नगर पंचायत के रूप में गठित करने के लिए अनुशंसा भेजें। उन्होंने अपने सुझावों को जिलाधिकारी की रिपोर्ट में शामिल करने का अनुरोध भी किया।