श्रीनगर गढ़वाल। रक्षाबंधन पर्व के पावन अवसर पर हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय के चौरास परिसर में शनिवार को एक अनूठा और प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित हुआ। छात्रावासों में रहने वाली छात्राओं ने विवि के कुलपति प्रो.श्रीप्रकाश सिंह के नेतृत्व में प्रकृति वंदन करते हुए फलदार एवं औषधीय पौधों का रोपण कर इस पर्व को विशेष बना दिया। पौधों को माना भाई सुरक्षा का लिया संकल्प अपने घरों और भाइयों से दूर रह रही छात्राओं ने रक्षाबंधन के अवसर पर पौधों को अपने भाई का रूप देते हुए उनकी देखभाल और सुरक्षा का संकल्प लिया। छात्राओं ने कहा कि जैसे बहन अपने भाई की रक्षा के लिए राखी बांधती है,वैसे ही वे इन पौधों की रक्षा और संवर्धन में अपनी पूरी भूमिका निभाएंगी। कुलपति प्रो.श्रीप्रकाश सिंह ने कहा कि पेड़ धरती का श्रृंगार होते हैं और प्रकृति का संरक्षण करना हर नागरिक का कर्तव्य है। उन्होंने छात्राओं और शिक्षकों से अधिकाधिक पौधारोपण करने और पर्यावरण संरक्षण को जीवन का हिस्सा बनाने की अपील की। साथ ही,उन्होंने आश्वासन दिया कि छात्रावासों में रह रही छात्राओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो,इसके लिए वे समय-समय पर निरीक्षण करते रहेंगे। छात्राओं की समस्याओं के समाधान के निर्देश कुलपति ने मुख्य छात्रावास अधीक्षक डॉ.सुरेन्द्र सिंह बिष्ट और रखरखाव एवं अनुरक्षण विभाग के अधिशासी अभियंता विजयानंद बहुगुणा को छात्राओं की समस्याओं का शीघ्र समाधान करने के निर्देश दिए। कार्यक्रम में गर्मजोशी से स्वागत चौरास परिसर के निदेशक प्रो.आर.एस.नेगी ने कार्यक्रम में कुलपति का स्वागत करते हुए कहा कि गढ़वाल विश्वविद्यालय में शोध कार्यों के साथ-साथ इस प्रकार के प्रेरणादायक कार्यक्रम समय-समय पर आयोजित किए जाते रहेंगे। उन्होंने यह भी घोषणा की कि प्रत्येक वर्ष रक्षाबंधन पर्व पर प्रकृति वंदन जैसे विशेष आयोजन होते रहेंगे। इस अवसर पर प्रमोशन एवं रिक्रूटमेंट सेल के डीन प्रो.एम.एस.पंवार,एग्रीकल्चर एवं एलाइड साइंस के डीन प्रो.ए.के.नेगी,मुख्य नियंता प्रो.एस.सी.सती,प्रो.आर.एस.फत्याल,डॉ.विजयकांत पुरोहित,डॉ.डी.के.राणा,डॉ.सोनल सहित छात्रावास की अधीक्षक और विश्वविद्यालय के अनेक शिक्षक-शिक्षिकाएं मौजूद रहे। रक्षाबंधन पर आयोजित यह प्रकृति वंदन कार्यक्रम न केवल पर्यावरण संरक्षण का संदेश देता है,बल्कि यह भी दर्शाता है कि पर्व का असली अर्थ रिश्तों में जिम्मेदारी और संरक्षण के संकल्प को निभाना है चाहे वह भाई-बहन का संबंध हो या मनुष्य और प्रकृति का।
रक्षाबंधन पर गढ़वाल विश्वविद्यालय में प्रकृति वंदन छात्राओं ने पौधारोपण कर निभाई भाई की जिम्मेदारी
