सीमांत क्षेत्र खटीमा में जलभराव एक आम समस्या हो चुकी है, खासकर मानसून के दौरान। तीन दिन से हो रही भारी बारिश के कारण खटीमा क्षेत्र में नगरपालिका क्षेत्र में तथा ग्रामीण क्षेत्रों जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है और निचले इलाकों में जलभराव का जमावड़ा देखने को मिल रहा है। खटीमा प्रशासन त्वरित कार्रवाई करते हुए राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया है, और कई लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है। वहीं नौसर ग्राम में 20 परिवारों को राहत शिविर में प्रशासन ने रखा है जलभराव से नागरिक चिकित्सालय पूरी तरह जलमग्न है साथ ही राजीव नगर,अमाऊ,पकड़िया बंगाली कॉलोनी,प्रतापपुर, अमाउं-मयूर विहार मेलाघाट खेतल sanda खाम आवास विकास कंजाबाग ,बरीअंजनिया के साथ साथ अन्य ग्रामीण क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। वहीं लोगों में पिछले वर्ष 7 और 8 जुलाई की दहशत अब देखने को मिल रही है। और वैसी ही बरसात लगातार हो रही है। जिस पर प्रशासन कार्रवाई करते हुए आपदा पीड़ितों के लिए भोजन और पानी की व्यवस्था की है और जलभराव प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य जारी है।वहीं प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे संयम और धैर्य से काम लें और प्रशासन द्वारा दी जा रही राहत का लाभ उठाएं। इस दौरान तहसीलदार विरेंद्र सिंह सजवान ने कहा कि हमारे द्वारा बाढ़ पीड़ितों को रेस्क्यू कर रहने खाने की व्यस्था की जा रही है,वहीं बाढ़ पीड़ितों का सर्वे करने के बाद प्रशासन द्वारा उनकी सहायता की जाएगी।
वही खटीमा क्षेत्र के विधायक भुवन कापड़ी भी लगातार क्षेत्र में भ्रमण कर आपदा प्रवाहित लोगों की मदद कर रहे है वही नगर पालिका अध्यक्ष रमेश चंद्र जोशी नेवी शहरी बाढ़ क्षेत्र का निरीक्षण किया और वार्ड वासियों से हर संभव मदद करने की अपील की
