Monday 15/ 06/ 2026 

Bharat Najariya
दिल्ली में स्वर्गीय जसपाल राणा को दी गई भावभीनी श्रद्धांजलि17 जून तक गणना प्रपत्रों का शत-प्रतिशत वितरण सुनिश्चित करें–अपर जिलाधिकारीसूबे के सहकारिता क्षेत्र में होंगे बड़े सुधार–डॉ.धन सिंह रावतमानसून से पूर्व सभी तैयारियां पूर्ण रखें,संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखें–प्रभारी मंत्री मदन कौशिकबीआरपी-सीआरपी कार्मिकों को गुमराह कर रहे कतिपय जनप्रतिनिधिअग्निसुरक्षा को लेकर फायर सर्विस अलर्ट मोड पर,होटलों व संस्थानों का किया व्यापक सुरक्षा ऑडिटसूबे के सहकारिता क्षेत्र में होंगे बड़े सुधार–डॉ.धन सिंह रावतब्लॉक प्रमुख संगठन उत्तराखंड की नई प्रदेश कार्यकारिणी घोषित,अनिल भण्डारी बने प्रदेश प्रवक्ताबच्चों के विरुद्ध बढ़ती हिंसा एवं अपराध की घटनाएं अत्यंत चिंताजनक* : डॉ. गीता खन्नाप्रेस विज्ञप्तिमोटापा रोग निवारण शिविर के चतुर्थ दिवस पर बडी संख्या में साधक-साधिकाओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया
उत्तराखण्डज़रा हटकेदेहरादून

उत्तराखंड_सरकारी स्कूलों में गूंजेगी लोकधुन,12 जिलों में बनेंगे आधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स – पढ़े ख़बर

देहरादून – नई शिक्षा नीति-2020 के तहत प्रदेश के सरकारी स्कूलों में नवाचार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से लोकधुन कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। इसके तहत छात्र-छात्राओं को लोक संगीत, पारंपरिक वाद्य यंत्र और कला का प्रशिक्षण दिया जाएगा। वहीं, खेलों को बढ़ावा देने के लिए 12 जिलों में अत्याधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनाए जाएंगे। केंद्र सरकार की समग्र शिक्षा परियोजना के तहत इन योजनाओं के लिए बजट स्वीकृत कर दिया गया है।

शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि सरकार विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए सह-शैक्षिक गतिविधियों पर विशेष ध्यान दे रही है। प्रथम चरण में 380 सरकारी स्कूलों में लोकधुन कार्यक्रम संचालित होगा, जहां ख्यातिप्राप्त कलाकार विद्यार्थियों को ढोल-दमाऊं, मशकबीन सहित अन्य पारंपरिक वाद्य यंत्रों का प्रशिक्षण देंगे।

खेलों को बढ़ावा देने के लिए 12 जिलों में आधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स स्थापित किए जाएंगे। इन केंद्रों में बॉक्सिंग, बैडमिंटन, बास्केटबॉल, टेबल टेनिस सहित अन्य खेलों का प्रशिक्षण दिया जाएगा।

शिक्षा मंत्री ने बताया कि विद्यार्थियों की तर्कशक्ति विकसित करने के लिए अभिरुचि परीक्षण कार्यक्रम भी शुरू किया जाएगा। इसमें हर महीने ओएमआर शीट आधारित परीक्षा होगी, जिससे छात्र-छात्राएं प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार हो सकें।

इसके अलावा, सुपर 100 योजना का विस्तार करते हुए इसे अब सुपर 200 बनाया गया है, जिससे अधिक छात्र-छात्राओं को मेडिकल और इंजीनियरिंग परीक्षाओं की तैयारी कराई जा सके। सरकार की इन पहलों से प्रदेश में सकल नामांकन अनुपात (जीईआर) और शुद्ध नामांकन अनुपात (एनईआर) में बढ़ोतरी हुई है, जबकि ड्रॉपआउट दर में कमी दर्ज की गई है। सरकार का दावा है कि इन योजनाओं से प्रदेश की शिक्षा प्रणाली को नई ऊंचाइयां मिलेंगी।

Check Also
Close