Monday 27/ 07/ 2026 

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निरंकारी मिशन द्वारा ‘वननेस वन’ परियोजनाके चौथे-चरण का आयोजन

काशीपुर, 8 अगस्त, 2024:- सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज एवं पूज्य निरंकारी राजपिता जी के दिव्य मार्गदर्शन एवं पावन आशीर्वाद से संत निरंकारी मिशन द्वारा पर्यावरण के संरक्षण हेतु सन् 2021 में ‘वननेस वन’ नामक मेगा वृक्षारोपण परियोजना का आरम्भ किया गया। इस परियोजना का लक्ष्य ‘वृक्षों के समूह’ (लघु वन) का रोपण एवं इनकी देखभाल करना था, जिसके स्वरूप में अब वर्ष दर वर्ष निरंतर बढ़ोतरी हो रही है।

संत निरंकारी मण्डल के सचिव आदरणीय श्री जोगिन्दर सुखीजा जी ने जानकारी सांझा करते हुए बताया कि सन् 2021 में आयोजित ‘वननेस वन’ परियोजना के प्रथम चरण के अंतर्गत संपूर्ण भारतवर्ष में लगभग डेढ़ लाख के करीब वृक्षों का रोपण किया गया। जिस उत्साह के साथ निरंकारी भक्तों द्वारा इन वृक्षों को रोपित किया गया था उसी उत्साह के साथ वर्ष भर निरंतर उनकी देखभाल भी की गई। जिसके परिणामस्वरूप इन ‘वृक्षों के समूह’ में इतना अधिक विस्तारण हुआ कि अब वह एक ‘लघु वन’ के रूप में प्रदर्शित हो रहा है। इन ‘वृक्षों के समूह’ पर प्रवासी एवं दुर्लभ प्रजाति के पक्षियों की उपस्थिति भी देखी जा रही है जिनका अस्तित्व लगभग समाप्त हो चुका था। निःसंदेह प्रकृति संतुलन में इन सभी जीवों का अत्याधिक महत्व है।

ज्ञात रहे संत निरंकारी मंडल की ब्रांच काशीपुर के द्वारा भी एल० डी०भट्ट राजकीय चिकित्सालय काशीपुर में इसी प्रकार से पौधे लगाए गए थे। इस वर्ष भी आने वाली 11 अगस्त रविवार के दिन पशु चिकित्सालय गांधी आश्रम के पास प्रातः 7: 30 से 9:30 बजे तक वृक्षारोपण किया जाएगा!

सन् 2022 में भी ‘वननेस वन’ परियोजना के दूसरे चरण का आयोजन अत्यंत उत्साहपूर्वक किया गया जिसमें वृक्षों की संख्या बढ़कर 2 लाख के करीब पहुंची। उसके उपरांत वर्ष दर वर्ष निरंतर इनकी संख्या में वृद्धि होती जा रही है और परिणामस्वरूप अब 2.50 लाख के करीब वृक्षों को रोपित किया जा चुका है जिनकी तल्लीनतापूर्वक निरंतर देखभाल भी की जा रही है। मिशन के सेवादारों द्वारा इन वृक्षों को फलित एवं पोषित रखने हेतु उन्हें स्थानीय जलवायु एवं भौगोलिक परिवेश के अनुसार ही रोपा जा रहा है जिसमें उनकी सुरक्षा एवं बढ़ोतरी के लिए उत्तम जैविक खाद, स्वच्छ जल एवं सिंचाई की नवीनतम तकनीकों का प्रयोग किया जाता है ताकि उनका संपूर्ण रूप से विकास हो सके।

समाज कल्याण के लिए आवश्यक इस परियोजना को क्रियान्वित करने हेतु संत निरंकारी चैरिटेबल फाउंडेशन द्वारा ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में और अनेक नये स्थानों को जोड़कर इस महाभियान के चौथे चरण की सेवाओं का आरम्भ 11 अगस्त, रविवार को संपूर्ण भारतवर्ष के लगभग 600 से अधिक स्थानों पर ‘विशाल वृक्षारोपण अभियान’ के रूप में किया जा रहा है। इसमें मिशन के सभी अनुयायी व स्वयंसेवक सम्मिलित होकर करीब 10 लाख वृक्ष लगाऐंगे और अपनी महत्वपूर्ण भूमिका को निभाते हुए तीन से पाँच वर्षों तक इन वृक्षों की देखभाल भी करेंगे ताकि यह प्रथम चरण की भांति ही ‘लघु वन’ के रूप में प्रफुल्लित हो सकें।

वर्ष 2020 में कोरोना संकट ने हम सभी को प्रकृति की अमूल्य देन, प्राण वायु अर्थात् ऑक्सीजन के महत्व को समझाया जिसके लिए इन वृक्षों का अस्तित्व अत्यंत आवश्यक है क्योंकि इन वृक्षों की अधिक संख्या के प्रभाव से न केवल आसपास का वातावरण प्रदूषित होने से बचेगा वरन् स्थानीय तापमान भी नियंत्रित रहेगा। निरंकारी मिशन समय-समय पर ऐसी कल्याणकारी योजनाओं को क्रियान्वित कर ‘पर्यावरण संरक्षण’ और धरती को सँवारने में अपनी अहम् भूमिका निभाता रहा हैं। यह जानकारी स्थानीय मीडिया प्रभारी प्रकाश खेड़ा द्वारा दी गई।