Saturday 07/ 03/ 2026 

Bharat Najariya
नानकमत्ता में दर्दनाक सड़क हादसा: थारू जनजाति की लोक गायिका रिंकू राणा की मौत, क्षेत्र में छाया मातम।गलत टिप्पणी पर भड़के समाजसेवी प्रदीप सिंह खालसा, चेतावनी देकर परिवार को किया माफरुद्रपुर। धरा सेवा फाउंडेशन उत्तराखण्ड के सदस्य एवं समाजसेवी प्रदीप सिंह खालसा उस समय नाराज नजर आए जब बीती रात एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा फोन कॉल पर अभद्र भाषा और अनुचित टिप्पणी किए जाने का मामला सामने आया।प्रदीप सिंह खालसा ने बताया कि किसी व्यक्ति ने अपने परिजन के लिए रक्त की आवश्यकता बताते हुए संस्था से मदद की गुहार लगाई थी। संस्था की ओर से सहयोग की प्रक्रिया पर बातचीत चल ही रही थी कि फोन करने वाले व्यक्ति की ओर से कथित तौर पर आपत्तिजनक और अनुचित भाषा का प्रयोग किया गया।उन्होंने बताया कि इस प्रकार की बोलचाल से आहत होकर उन्होंने तत्काल उस मामले में सहायता देने से इनकार कर दिया। इसके बाद संबंधित परिवार के कुछ लोगों द्वारा भी फोन पर गलत शब्दों का प्रयोग किए जाने की बात सामने आई।हालांकि, प्रदीप सिंह खालसा ने संयम और सूझबूझ का परिचय देते हुए अज्ञात व्यक्ति की पहचान सार्वजनिक नहीं की और मानवीय आधार पर पूरे मामले को वहीं समाप्त करते हुए परिवार को माफ कर दिया।उन्होंने स्पष्ट कहा कि सामाजिक संस्थाएं लोगों की मदद के लिए कार्य करती हैं और ऐसे संगठनों का सम्मान बनाए रखना समाज की जिम्मेदारी है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि भविष्य में इस प्रकार की घटना दोबारा होती है तो वह चुप नहीं बैठेंगे और पुलिस प्रशासन की मदद लेकर संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई कराई जाएगी।प्रदीप सिंह खालसा ने कहा कि किसी भी सामाजिक संस्था या स्वयंसेवकों का अपमान किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा।“एकता, अनुशासन और फिटनेस”: रिजर्व पुलिस लाइन रुद्रपुर में हुआ शुक्रवार की साप्ताहिक पुलिस परेड का आयोजन।अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की तैयारी जोरों पर। कई प्रतियोगिता का होगा आयोजन।हरिद्वार*उत्तराखंडदिशा की बैठक में महापौर ने उठाई रिंग रोड विस्तार की मांगमहापौर के प्रयास लाए रंग, रूद्रपुर में जल भराव से मिलेगी निजात

अस्पताल प्रशासन द्वारा मुख्य बेस अस्पताल श्रीनगर का मुख्य गेट बंद करना एक आपराधिक कृत्य

श्रीनगर गढ़वाल। आज 19 नवम्बर 2024 को बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण घटना संज्ञान में आई है कि बेस अस्पताल श्रीकोट श्रीनगर जो कि रुद्रप्रयाग,चमोली,टिहरी और पौड़ी चार जिलों का मुख्य चिकित्सालय है,उसी पर चिकित्सा अधीक्षक हेमवती नंदन बहुगुणा टीचिंग चिकित्सालय श्रीनगर गढ़वाल के द्वारा मुख्य गेट पर सूचना लगा कर ओपीडी के साथ ही आकस्मिक सेवाओं का मुख्य द्वार बंद कर दिया गया। जो आपराधिक कृत्य है जिसके लिए चिकित्सा अधीक्षक पर कानूनी कार्यवाही होनी चाहिए आखिर उन्हें यह अधिकार किसने दिया कि वो ओ.पी.डी.के साथ ही दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र की आकस्मिक सेवाओं के लिए अस्पताल का गेट बंद कर दे। क्या वह भ्रष्टाचार और अन्य गलत कृत्य को छुपाने के लिए सरकार और मंत्रीजी इनको शह दे रहे हैं। लोगो को डराने के लिए प्रशासन ने जो आईपीसी की धारा 185 और 268 लगाई हैं वो 1 जुलाई 2024 से पहले समाप्त हो गई है उसकी जगह अब भारतीय न्याय संहिता आ गई है। इससे महसूस होता है कि अस्पताल प्रशासन कितना नासमझ और गैर जिम्मेदार है जिन्हे यह ज्ञात ही नहीं है कि भारतीय दंड संहिता ही समाप्त हो गई है। नागरिक मंच श्रीनगर गढ़वाल,श्रीनगर की आम जनता को अपील करता है कि बेस अस्पताल के भ्रष्टाचार के खिलाफ जनता संघटित हो। निवेदक नागरिक मंच के सदस्य पदाधिकारीगण-प्रभाकर बाबुलकर,डॉ.मुकेश सेमवाल,अनिल दत्त तिवारी आदि लोग उपस्थित थे।