Friday 03/ 07/ 2026 

Bharat Najariya
हरिद्वार में मानसून आपदा से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए हर की पैड़ी समेत कई स्थानों पर राज्य स्तरीय मेगा मॉक ड्रिल शुरू की गई।आपदा से निपटने की तैयारियों को परखाः देहरादून के 7 संवेदनशील स्थानों पर एक साथ हुई मॉकड्रिलखटीमा में साथ डॉक्टर के तबादले पर विरोध आशा कार्यकर्ताओं ने किया धरना प्रदर्शनमानसून आपदा से निपटने को उत्तरकाशी में पांच स्थानों पर हुई राज्य स्तरीय मॉक ड्रिल4 जुलाई को ऋषिकेश में लगेगा वृहद बहुउद्देशीय शिविर, CM धामी करेंगे।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में सरकार के पांच वर्ष पूरे होने पर जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान के तहत 4 जुलाई को ऋषिकेश के आईडीपीएल मैदान में वृहद बहुउद्देशीय एवं स्वास्थ्य शिविर आयोजित होगा। मुख्यमंत्री स्वयं इसमें शिरकत करेंगे।समानसून से पूर्व संवेदनशील स्थानों पर राज्य स्तरीय मेगा मॉक ड्रिल संपन्नविधायक शिव अरोरा ने विकसित भारत जी रामजी योजना (VB-G RAM G ) का विकास भवन मे कार्यक्रम के माध्यम से किया शुभारम्भ विधायक बोले जी रामजी योजना से श्रमिकों के जीवन मे आये महत्वपूर्ण परिवर्तन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी,मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का जताया आभारनगर निगम ने स्कूली बच्चों के साथ मनाया वन महोत्सवसिख समुदाय की धार्मिक भावनाएं आहत करने और सोशल मीडिया पर भड़काऊ सामग्री फैलाने वाले आशीष नेगी के खिलाफ FIR दर्ज कराने के लिए सौंपा शिकायती पत्र।मुख्यमंत्री धामी ने किया उत्तराखंड राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण का शुभारंभ बोले हर बच्चे को मिलेगी आधुनिक और सामान शिक्षा
राज्य

समानसून से पूर्व संवेदनशील स्थानों पर राज्य स्तरीय मेगा मॉक ड्रिल संपन्न

सीएम धामी ने वर्चुअल माध्यम से तैयारी का खुद लिया जायजा”
मानसून के दौरान किसी भी प्रकार की आपदा से निपटने के लिए डीएम चंपावत मनीष कुमार के नेतृत्व में चम्पावत प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। राज्य सरकार के निर्देश पर जनपद में आज गुरुवार को राज्य स्तरीय मेगा मॉक ड्रिल का जिले के पांच संवेदनशील स्थानों पर अलग-अलग आपदा परिदृश्यों का सफल अभ्यास किया गया। खास बात यह रही कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वर्चुअल माध्यम से पूरे प्रदेश की तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को मानसून के दौरान पूरी सतर्कता और बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।चम्पावत में जिलाधिकारी के निर्देश पर आयोजित इस मेगा मॉक ड्रिल के दौरान शारदा नदी के बढ़ते जलस्तर, तटीय भू-कटाव, राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूस्खलन, पूर्णागिरि यात्रा मार्ग बाधित होने, बाराकोट में मानव-वन्यजीव संघर्ष और धौन क्षेत्र में सड़क अवरुद्ध होने जैसी काल्पनिक आपदा परिस्थितियां तैयार की गईं। इन सभी स्थानों पर राहत एवं बचाव अभियान, घायलों को प्राथमिक उपचार, सुरक्षित निकासी, राहत शिविरों की स्थापना, भोजन-पेयजल की व्यवस्था और यातायात नियंत्रण का वास्तविक परिस्थितियों की तरह अभ्यास किया गया।जिलाधिकारी मनीष कुमार ने बताया कि इस अभ्यास का उद्देश्य आपदा के वक्त विभिन्न विभागों की आपसी समन्वय क्षमता, संसाधनों की उपलब्धता और त्वरित प्रतिक्रिया प्रणाली का परीक्षण करना था ताकि मानसून के दौरान किसी भी आपदा की स्थिति में तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके तथा होने वाले नुकसान को काम किया जा सके। उन्होंने सभी विभागों को मशीनरी, राहत सामग्री, संचार व्यवस्था और मानव संसाधन पूरी तरह तैयार रखने के निर्देश भी दिए।मॉक ड्रिल में पुलिस, एसडीआरएफ, स्वास्थ्य विभाग, लोक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, सिंचाई, विद्युत, वन, राजस्व विभाग, जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और नगर निकायों सहित सभी विभागों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। पूरे अभ्यास में विभागों के बीच बेहतरीन समन्वय और त्वरित प्रतिक्रिया देखने को मिली, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि चम्पावत प्रशासन मानसून की चुनौतियों से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है।मानसून के दौरान किसी भी आपदा में समय पर राहत और बचाव कार्य ही जन-धन की हानि को कम कर सकता है। ऐसे में चम्पावत में आयोजित यह राज्य स्तरीय मेगा मॉक ड्रिल न केवल विभागों की तैयारियों की परीक्षा रही, बल्कि यह संदेश भी दिया कि प्रशासन हर चुनौती का सामना करने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है।

Check Also
Close