मलेथा की बेटियों ने रचा इतिहास-बालिका क्रिकेट प्रतियोगिता की बनी सिरमौर

श्रीनगर गढ़वाल। राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर स्व.पंडित जगराम गौड़ की स्मृति में आयोजित तीन दिवसीय बालिका क्रिकेट प्रतियोगिता का रोमांचक फाइनल मुकाबले के साथ शानदार समापन हुआ। चौरास स्थित गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय के खेल मैदान में खेले गए फाइनल मुकाबले में राजकीय बालिका इंटर कॉलेज मलेथा की बेटियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए राजकीय इंटर कॉलेज धद्दी घंडियाल को पराजित कर प्रतियोगिता का खिताब अपने नाम किया। मलेथा की टीम के शानदार प्रदर्शन से मैदान में मौजूद दर्शकों में भी उत्साह देखने को मिला। फाइनल मुकाबले में राजकीय बालिका इंटर कॉलेज मलेथा ने टॉस जीतकर पहले क्षेत्ररक्षण करने का निर्णय लिया। पहले बल्लेबाजी करने उतरी राजकीय इंटर कॉलेज धद्दी घंडियाल की टीम ने निर्धारित आठ ओवरों में शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए मलेथा के सामने 67 रनों का लक्ष्य रखा। लक्ष्य का पीछा करने मैदान में उतरी मलेथा की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक और आत्मविश्वास से भरा खेल दिखाया। खिलाड़ियों ने बेहतरीन बल्लेबाजी और संयम का परिचय देते हुए लक्ष्य का पीछा किया और अंतिम ओवर की पांच गेंद शेष रहते मुकाबला अपने नाम कर लिया। मलेथा की जीत के साथ ही मैदान में खुशी की लहर दौड़ गई और खिलाड़ियों ने एक-दूसरे को बधाई देते हुए जीत का जश्न मनाया। पूरी प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करने वाली राजकीय बालिका इंटर कॉलेज मलेथा की संध्या को प्रतियोगिता की सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया। उन्होंने अपने बेहतरीन प्रदर्शन से टीम की जीत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वहीं राजकीय इंटर कॉलेज धद्दी घंडियाल की आरूषी को सर्वश्रेष्ठ गेंदबाज के सम्मान से नवाजा गया। प्रतियोगिता में खिलाड़ियों ने अपने खेल कौशल,अनुशासन और टीम भावना का शानदार परिचय दिया। प्रतियोगिता के पहले सेमीफाइनल मुकाबले में होली एंजिल स्कूल और राजकीय इंटर कॉलेज धद्दी घंडियाल की टीमें आमने-सामने रहीं। रोमांचक मुकाबले में धद्दी घंडियाल की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 16 रनों से जीत दर्ज कर फाइनल में प्रवेश किया। वहीं दूसरे सेमीफाइनल मुकाबले में आईरिस स्कूल और राजकीय बालिका इंटर कॉलेज मलेथा के बीच मुकाबला हुआ। इस मुकाबले में मलेथा की टीम ने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए तीन विकेट से जीत हासिल कर फाइनल में अपनी जगह पक्की की। इसके बाद फाइनल में भी मलेथा की बेटियों ने अपने शानदार प्रदर्शन को जारी रखते हुए खिताब पर कब्जा जमाया। समापन अवसर पर देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी ने विजेता एवं उपविजेता टीमों के खिलाड़ियों को सम्मानित किया। उन्होंने बालिका क्रिकेट प्रतियोगिता के आयोजन को सराहनीय पहल बताते हुए कहा कि ग्रामीण एवं पहाड़ी क्षेत्र की बेटियों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। आवश्यकता केवल उन्हें उचित मंच,संसाधन और अवसर उपलब्ध कराने की है। उन्होंने कहा कि खेल बालिकाओं में आत्मविश्वास,अनुशासन,नेतृत्व क्षमता और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित करने का प्रभावी माध्यम है। इस प्रकार की प्रतियोगिताएं बेटियों को अपनी प्रतिभा दिखाने के साथ-साथ उन्हें भविष्य में जिला,राज्य और राष्ट्रीय स्तर तक आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती हैं। विधायक ने प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने वाली सभी टीमों और खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हार और जीत खेल का हिस्सा है,लेकिन मैदान में उतरकर पूरे उत्साह और खेल भावना के साथ अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना ही वास्तविक सफलता है। तीन दिवसीय बालिका क्रिकेट प्रतियोगिता ने क्षेत्र की बेटियों को अपनी खेल प्रतिभा प्रदर्शित करने का बेहतर मंच प्रदान किया। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों में गजब का उत्साह देखने को मिला। मैदान पर जहां चौके-छक्कों और विकेटों के लिए रोमांचक मुकाबले देखने को मिले,वहीं दर्शकों ने भी खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। आयोजकों का कहना है कि ऐसे आयोजन निरंतर होते रहने चाहिए,ताकि पहाड़ की बेटियों की खेल प्रतिभा सामने आ सके और उन्हें अपनी प्रतिभा को निखारने का अवसर मिले। प्रतियोगिता के सफल आयोजन में मंगत मठियाल एवं कुलदीप कुमार ने विशेष सहयोग प्रदान किया। इस अवसर पर आयोजक देवेंद्र गौड़,सुबोधनी गौड़,अवधेश गौड़,क्षेत्र पंचायत सदस्य रानीहाट मनोज जोशी,प्रधान संगठन कीर्तिनगर के अध्यक्ष वासुदेव भट्ट,जयकृष्ण पैन्यूली सहित अनेक लोग मौजूद रहे। राष्ट्रीय खेल दिवस पर आयोजित इस प्रतियोगिता का समापन केवल एक टीम की जीत के साथ नहीं हुआ,बल्कि इस संदेश के साथ हुआ कि पहाड़ की बेटियां खेल के मैदान में भी किसी से पीछे नहीं हैं। मलेथा की बेटियों की यह जीत क्षेत्र की अन्य बालिकाओं के लिए भी प्रेरणा का नया अध्याय लिख गई।
