अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा पर फोकस-श्रीनगर में फायर सर्विस का सघन प्रशिक्षण अभियान,कर्मचारियों को दिए सुरक्षा मंत्र

श्रीनगर गढ़वाल। अग्नि सेवा सप्ताह के अंतर्गत श्रीनगर में फायर सर्विस द्वारा जन-जागरूकता और प्रशिक्षण का अभियान लगातार गति पकड़ रहा है। तृतीय दिवस पर प्रभारी अग्निशमन अधिकारी चंदन सिंह बिष्ट के नेतृत्व में शहर के प्रमुख अस्पतालों में व्यापक स्तर पर अग्नि सुरक्षा जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए,जिसमें स्वास्थ्यकर्मियों को आग से बचाव और आपात स्थिति से निपटने के गुर सिखाए गए। इस अभियान के तहत उपजिला संयुक्त चिकित्सालय श्रीनगर,बेस अस्पताल श्रीकोट,मेडिकल कॉलेज श्रीकोट तथा चौधरी अस्पताल में प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान अस्पतालों में कार्यरत डॉक्टरों,नर्सिंग स्टाफ और अन्य कर्मचारियों को आग लगने की संभावित परिस्थितियों,उससे बचाव के उपायों तथा त्वरित प्रतिक्रिया की तकनीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। प्रभारी अग्निशमन अधिकारी चंदन सिंह बिष्ट ने बताया कि अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थानों पर अग्नि सुरक्षा के प्रति सतर्कता अत्यंत आवश्यक है,क्योंकि यहां मरीजों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होती है। उन्होंने कर्मचारियों को प्राथमिक अग्निशमन उपकरणों जैसे फायर एक्सटिंग्विशर आदि के सही उपयोग का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया,जिससे आपातकाल की स्थिति में तत्काल प्रभावी कार्रवाई की जा सके। प्रशिक्षण के दौरान कर्मचारियों को यह भी बताया गया कि आग लगने की स्थिति में घबराने के बजाय संयम और सूझबूझ से काम लेना चाहिए, साथ ही निकासी मार्ग (इमरजेंसी एग्जिट) का सही उपयोग करना चाहिए। कार्यक्रम के अंत में अग्नि सुरक्षा से संबंधित पंपलेट वितरित कर व्यापक स्तर पर जन-जागरूकता का संदेश दिया गया। इस अभियान में फायर सर्विस चालक सोनू कुमार और फायर वूमन कोमल ने भी सक्रिय भूमिका निभाते हुए प्रशिक्षण को सफल बनाया। फायर सर्विस का यह प्रयास न केवल अस्पतालों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है,बल्कि आमजन में भी अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रभावी माध्यम बन रहा है।
