ईद मिलाद-उन-नबी और रक्षाबंधन पर श्रीनगर में होगा विशाल रक्तदान शिविर-मुस्लिम समाज ने किया मानव सेवा का आह्वान

श्रीनगर गढ़वाल। ईद मिलाद-उन-नबी और रक्षाबंधन के पावन अवसर पर मुस्लिम समाज श्रीनगर की ओर से मानव सेवा,सामाजिक सद्भाव और भाईचारे की मिसाल पेश करते हुए बुधवार 26 अगस्त को विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। शिविर का आयोजन जामा मस्जिद परिसर श्रीनगर में सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक किया जाएगा। मुस्लिम समाज श्रीनगर ने क्षेत्र के स्वस्थ युवाओं सहित अधिक से अधिक लोगों से रक्तदान कर मानव जीवन बचाने के इस पुनीत अभियान में सहभागी बनने की अपील की है। आयोजकों ने कहा कि रक्तदान महादान है और एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद मरीज के लिए जीवन बचाने वाली मदद साबित हो सकता है। आयोजकों ने बताया कि दुर्घटना,गंभीर बीमारी,प्रसव,ऑपरेशन अथवा अन्य चिकित्सकीय परिस्थितियों में जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध होना बेहद महत्वपूर्ण होता है। ऐसे में रक्तदान केवल सामाजिक जिम्मेदारी नहीं,बल्कि मानवता की सेवा का महत्वपूर्ण माध्यम है। शिविर के माध्यम से रक्तदान करें-जीवन बचाएं का संदेश भी दिया जाएगा। इस रक्तदान शिविर को सफल बनाने के लिए जामीन अंसारी,आसिफ अली,नजुमल राव,परवेज अहमद,जावेद हैदर,वकील अहमद,जूनु खान,इरसाद खान,समीम आदि सहित मुस्लिम समाज के लोग सक्रिय रूप से लोगों को रक्तदान के लिए प्रेरित कर रहे हैं। आयोजकों का कहना है कि स्वस्थ व्यक्ति द्वारा किया गया रक्तदान किसी अनजान जरूरतमंद के जीवन में उम्मीद की नई किरण बन सकता है। रक्त की आवश्यकता किसी भी व्यक्ति को कभी भी पड़ सकती है,इसलिए प्रत्येक सक्षम और स्वस्थ नागरिक को इस पुनीत कार्य के लिए आगे आना चाहिए। ईद मिलाद-उन-नबी और रक्षाबंधन जैसे महत्वपूर्ण अवसरों पर आयोजित किया जा रहा यह रक्तदान शिविर सामाजिक एकता,आपसी भाईचारे और मानवता की भावना को मजबूत करने वाला संदेश भी देगा। मुस्लिम समाज ने कहा कि त्योहार केवल उत्सव मनाने का अवसर नहीं,बल्कि समाज और जरूरतमंद लोगों के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने का भी अवसर हैं। आयोजकों ने क्षेत्र के सभी स्वस्थ युवाओं,सामाजिक संगठनों,जनप्रतिनिधियों,व्यापारियों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे 26 अगस्त को सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक जामा मस्जिद परिसर श्रीनगर पहुंचकर रक्तदान करें और इस मानव सेवा अभियान को सफल बनाएं। मुस्लिम समाज श्रीनगर का संदेश-रक्तदान करें,जीवन बचाएं और मानव सेवा में अपना योगदान दें।
