Saturday 30/ 05/ 2026 

Bharat Najariya
मुख्यमंत्री धामी की पहल से पेंशनरों के लिए जीवन प्रमाण का सत्यापन करना हुआ आसानकोसी नदी किनारे बस्ती में आबकारी विभाग की छापेमारी,खिलाड़ियों को मिली खेल किट व मल्टीविटामिन सहायतापाकिस्तान से संदिग्ध करोड़ों के लेन-देन मामले में हरिद्वार से युवती गिरफ्तार, हवाला नेटवर्क की जांच तेजखड़कपुर में कांग्रेस एससी विभाग की बैठक आयोजित, जिला अध्यक्ष इन्दर पाल आर्य का हुआ भव्य स्वागतNH-74 के जाफरपुर में दर्दनाक सड़क हादसा, क्लीनिक से घर लौट रहे डॉक्टर की मौतझूला क्षेत्र में गंगा में डूबे 2 लोग, एसडीआरएफ का सर्च ऑपरेशन जारी लगभग 1:50 बजे दोपहर थाना लक्ष्मण झूलाभद्रकाली तिराहे से आगे ब्रह्मानंद मोड़ के पास ट्रक-डंपर दुर्घटना, 2 की मौत।कर्तव्य अकेडमी का सेना कोअनमोल तोहफा, आधा दर्जनयुवा अग्निवीर के लिए चयनित21वीं कैडेट नेशनल फेंसिंग चैंपियनशिप का भव्य समापन, एपी स्पर्धाओं में खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम
Almora NewsBageshwar NewsBanbasaBhimtalChamoliChampawat NewsDehli newsDehradun NewsHaldwani NewsHaridwarInteresting NewsJobLatest PostNainital NewsNationalNational NewsPauri GharwalPitthoragah NewsRanikhetRudrpurShrinagarSomeshwarUttarakhand News

Uttrakhand News:बाहरी राज्यों से उत्तराखंड आने वाले सभी निजी, व्यावसायिक वाहनों का प्रवेश होगा महंगा

बाहरी राज्यों से उत्तराखंड आने वाले सभी निजी, व्यावसायिक वाहनों का प्रवेश महंगा होगा। कैबिनेट ने ग्रीन सेस की दरों में 28 से 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।

व्यावसायिक वाहनों से पहले से ग्रीन सेस वसूला जा रहा है। बाहरी राज्यों के निजी वाहनों के लिए 15 जून के बाद वसूली शुरू होगी।कैबिनेट निर्णय के तहत, प्रदेश में पंजीकृत होने वाले वाहनों का ग्रीन सेस यथावत रखा गया है। अन्य प्रदेशों से उत्तराखंड में प्रवेश करने वाले व्यावसायिक वाहनों से पहले से ही ग्रीन सेस वसूल किया जा रहा है, लेकिन वर्ष 2021 में चेकपोस्ट बंद होने के बाद राज्य में प्रवेश करने वाले अन्य राज्यों के निजी श्रेणी के वाहनों से ग्रीन सेस वसूल किया जाना संभव नहीं हो पा रहा था। ग्रीन सेस की दरों में बढ़ोतरी के साथ ही अब बाहरी राज्यों को प्रवेश के लिए 80 से 700 रुपये खर्च करने होंगे।ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (एएनपीआर) कैमरे की मदद से ग्रीन सेस की कटौती वाहन के फास्टैग खाते से की जाएगी। इसके लिए सिस्टम इंटीग्रेटर का चयन हो गया है। अब सिस्टम इंटीग्रेटर, नेशनल पेमेंट कारपोरेशन ऑफ इंडिया (एनपीसीआई) और वाहन सॉफ्टवेयर के इंटीग्रेशन की कार्रवाई चल रही है। एक माह के भीतर वाहनों से ग्रीन सेस वसूली शुरू की जाएगी।

🌸इतना वसूला जाएगा ग्रीन सेस

वाहन

श्रेणी

ग्रीन सेस (रुपये में)

भारी वाहन

3 एक्सल

450

भारी वाहन

4 से 6 एक्सल

600

7 एक्सल या इससे अधिक

700

मध्यम और भारी माल वाहन (7.5 से 18.5 टन)

250

हल्के माल वाहन(3 से अधिक और 7.5 टन से कम)

120

डिलीवरी वैन(3 टन तक)

80

भारी निर्माण उपकरण वाहन

250

बस

12 सीट से अधिक

140

मोटर कैब, मैक्सी कैब और पैसेंजर कार

80

(नोट-राज्य में प्रवेश पर हर बार फास्टैग खाते से कटेगी रकम)

ईवी और दोपहिया वाहनों पर सेस नहीं

प्रदेश में बाहरी राज्यों से आने वाले इलेक्टि्रक वाहन और दोपहिया वाहनों पर सेस नहीं लागू नहीं होगा। इसके अलावा उत्तराखंड में पंजीकृत वाहनों से भी नई व्यवस्था में ग्रीन सेस वसूली नहीं की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close