सड़क निर्माण की अनदेखी पर फूटा जनाक्रोश-जखण्ड-मैखण्डी मोटर मार्ग को लेकर आंदोलन की चेतावनी-16 अप्रैल से क्रमिक अनशन का ऐलान

कीर्तिनगर/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद टिहरी गढ़वाल के विकास खण्ड कीर्तिनगर में स्थित जखण्ड क्षेत्र में लंबे समय से लंबित जखण्ड-मैखण्डी मोटर मार्ग निर्माण को लेकर अब जनाक्रोश खुलकर सामने आने लगा है। वर्षों से सड़क सुविधा से वंचित ग्रामीणों ने प्रशासनिक उदासीनता के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है। इस संबंध में क्षेत्रीय प्रतिनिधियों द्वारा उपजिलाधिकारी कीर्तिनगर को एक ज्ञापन सौंपते हुए स्पष्ट किया गया है कि जखण्ड (अनुबस्ती) से गुंसाई कटला-बासखोली होते हुए मैखण्डी तक प्रस्तावित मोटर मार्ग का निर्माण पिछले लगभग एक दशक से लंबित है। लगातार पत्राचार और मांग के बावजूद शासन-प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से क्षेत्रवासियों में गहरा रोष व्याप्त है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि लोक निर्माण विभाग द्वारा भी इस महत्वपूर्ण मार्ग की अनदेखी की गई है,जिससे जखण्ड और मैखण्डी जैसे दूरस्थ गांव आज भी बुनियादी सड़क सुविधा से वंचित हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क न होने से न केवल दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है,बल्कि शिक्षा,स्वास्थ्य और आपातकालीन सेवाओं तक पहुंच भी गंभीर रूप से बाधित हो रही है। पूर्व जिला पंचायत सदस्य महिपाल सिंह बुटोला ने कड़े शब्दों में कहा कि यह मोटर मार्ग क्षेत्रवासियों के लिए किसी जीवनरेखा से कम नहीं है,लेकिन वर्षों से इसे नजर-अंदाज किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बार-बार मांग उठाने के बावजूद भी समाधान न निकलना प्रशासनिक संवेदनहीनता को दर्शाता है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही निर्माण कार्य शुरू नहीं किया गया,तो क्षेत्रवासी लोकतांत्रिक तरीके से व्यापक जन आंदोलन करने को बाध्य होंगे,जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही इस दिशा में ठोस पहल नहीं की गई,तो वे 16 अप्रैल 2026 से जखण्ड स्थित राजीव गांधी पंचायत भवन में क्रमिक अनशन एवं जन आंदोलन शुरू करेंगे। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि संबंधित विभागों को तत्काल निर्देशित कर सड़क निर्माण की प्रक्रिया प्रारंभ कराई जाए,ताकि वर्षों से लंबित इस समस्या का समाधान हो सके। आंदोलन को लेकर स्थानीय प्रशासन को भी अवगत कराया गया है,वहीं क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन से आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का अनुरोध किया गया है। इस मौके पर पूर्व जिला पंचायत सदस्य महिपाल सिंह बुटोला,अध्यक्ष दिनेश लाल टम्टा,पूर्व प्रधान रामेश्वर प्रसाद लखेड़ा,पूर्व प्रधान कुंवर सिंह पुंडीर,कुंदन सिंह रावत सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि अब विकास की इस अनदेखी को और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ग्रामीणों का स्पष्ट संदेश है कि सड़क जैसी मूलभूत सुविधा से वंचित रखना उनके साथ अन्याय है और यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो यह आंदोलन व्यापक रूप ले सकता है। यह पूरा घटनाक्रम प्रशासन के लिए एक चेतावनी भी है कि जनसमस्याओं के समाधान में देरी अब सीधे जनआंदोलन का कारण बन रही है।
