Sunday 05/ 07/ 2026 

Bharat Najariya
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भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के विरोध में 21 जुलाई को दिल्ली किसान घाट पर विशाल देशव्यापी जन-आंदोलन का ऐलान–भोपाल सिंह चौधरी


श्रीनगर गढ़वाल। भारत-अमेरिका प्रस्तावित व्यापार समझौते को लेकर किसान संगठनों के बीच चिंता लगातार गहराती जा रही है। इसी क्रम में किसान मंच के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं राष्ट्रीय प्रवक्ता भोपाल सिंह चौधरी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि देश के किसानों,कृषि व्यवस्था और ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जुड़े किसी भी मुद्दे पर बिना व्यापक चर्चा और किसानों का विश्वास लिए कोई निर्णय नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसानों की आजीविका,देश की खाद्य सुरक्षा और आर्थिक स्वाभिमान सर्वोपरि हैं तथा इनके हितों से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि भारत का किसान केवल अन्नदाता नहीं,बल्कि देश की आर्थिक,सामाजिक और सांस्कृतिक व्यवस्था की मजबूत आधारशिला है। यदि ऐसी नीतियां लागू होती हैं जिनसे किसानों की आय,कृषि उत्पादन,रोजगार या ग्रामीण अर्थव्यवस्था प्रभावित होती है,तो उसका असर पूरे देश पर पड़ेगा। इसलिए किसी भी अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौते से पहले उसके सभी प्रावधानों को सार्वजनिक कर किसानों और विशेषज्ञों के साथ खुली चर्चा की जानी चाहिए। भोपाल सिंह चौधरी ने कहा कि पारदर्शिता ही लोकतंत्र की आत्मा है। किसानों को यह जानने का पूरा अधिकार है कि प्रस्तावित व्यापार समझौते का कृषि क्षेत्र पर क्या प्रभाव पड़ेगा और सरकार किसानों के हितों की रक्षा के लिए क्या ठोस कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि किसान मंच का उद्देश्य किसी प्रकार का टकराव नहीं,बल्कि लोकतांत्रिक तरीके से किसानों की आवाज को मजबूत करना और राष्ट्रीय हितों की रक्षा करना है। इसी उद्देश्य से देशभर के किसान संगठनों,मजदूरों,युवाओं,कर्मचारियों,विद्यार्थियों और जागरूक नागरिकों की सर्वसम्मति से देश बचाओ मोर्चा का गठन किया गया है। चौधरी ने कहा कि यह मंच किसानों,खेती,रोजगार,प्राकृतिक संसाधनों और देश के आर्थिक स्वाभिमान की रक्षा के लिए साझा जनआंदोलन का माध्यम बनेगा। उन्होंने जानकारी दी कि 15 जुलाई 2026 को देशभर के तहसील,ब्लॉक और जिला मुख्यालयों पर मोटरसाइकिल मार्च निकालकर प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपे जाएंगे। इसके बाद 21 जुलाई 2026 को दिल्ली स्थित किसान घाट पर विशाल राष्ट्रीय जनआंदोलन आयोजित किया जाएगा,जिसमें अधिक से अधिक संख्या में किसानों और नागरिकों से शामिल होने का आह्वान किया गया है। भोपाल सिंह चौधरी ने कहा कि आज आवश्यकता दल,धर्म,जाति और क्षेत्र की सीमाओं से ऊपर उठकर राष्ट्रीय हित में एकजुट होने की है। उन्होंने कहा कि किसान मजबूत होगा तो देश मजबूत होगा और खेती सुरक्षित रहेगी तो भारत का भविष्य भी सुरक्षित रहेगा। अंत में उन्होंने देशवासियों से अपील करते हुए कहा कि लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत बनाने तथा किसानों के सम्मान और देश के आर्थिक स्वाभिमान की रक्षा के लिए सभी नागरिक आगे आएं और शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें। देश बचाओ मोर्चा इसी जनजागरण और राष्ट्रीय एकता का प्रतीक बनकर उभर रहा है।

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