Thursday 27/ 08/ 2026 

Bharat Najariya
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पाकिस्तान के साथ युद्ध में राष्ट्र की विजय के लिए शत्रु विनाशिनी बगलामुखी की साधना करने पहुंचे उत्तराखंड ज्योतिष रत्न डॉ.चंडी प्रसाद घिल्डियाल दैवज्ञ

देहरादून/श्रीनगर गढ़वाल। पाकिस्तान के साथ युद्ध में भारतीय सेना विजय को प्राप्त करें इस कामना के लिए उत्तराखंड ज्योतिष रत्न आचार्य डॉ.चंडी प्रसाद घिल्डियाल दैवज्ञ साधना के लिए शत्रु विनाशिनी देवी बगलामुखी सिद्ध पीठ में पहुंचे। सिद्ध पीठ में पहुंचने पर आचार्य दैवज्ञ का सिद्धपीठ के अधिष्ठाता पंडित चंद्रशेखर जोशी ने स्वागत करते हुए कहा कि आचार्य दैवज्ञ राजगुरु है,और जब-जब राज्य पर संकट आता है,राजगुरु का कर्तव्य राजाओं की रक्षा एवं सेना की रक्षा के लिए यज्ञ और साधना करना है,इसके लिए ही आचार्य दैवज्ञ यहां पहुंचे हैं,उन्हें साधना के लिए पूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएगी। संपर्क करने पर डॉ.चंडी प्रसाद घिल्डियाल दैवज्ञ ने कहा कि 10 महाविद्याओं में आठवीं महाविद्या माता बगलामुखी शत्रु एवं रोग विनाशिनी कही जाती है,उन्हें राजाओं की देवी भी कहा जाता है,और उनकी साधना रात्रि को ही विशेष फलदाई होती है,इसलिए वह दिनभर अपने राजकीय कर्तव्यों को निभाते हुए रात को देश के प्रधानमंत्री,राष्ट्रपति और राज्य के मुख्यमंत्री और राज्यपाल की सुरक्षा तथा भारतीय सेना की विजय के लिए शत्रु विनाशकारी तथा भारतीय जनता को रोग और शोक की मुक्ति के लिए अघोर विद्या का अति विशिष्ट पद्धति से जाप और तप करेंगे। विदित है कि आचार्य डॉ.चंडी प्रसाद घिल्डियाल दैवज्ञ अपनी सटीक भविष्यवाणियों के लिए पूरे विश्व में प्रसिद्ध हैं,वह संस्कृत शिक्षा विभाग के सहायक निदेशक भी हैं,तथा उन्हें मन्त्रों की ध्वनि को यंत्रों में परिवर्तित करने का विज्ञान विकसित करने के लिए ज्योतिष वैज्ञानिक के रूप में भी प्रसिद्धि प्राप्त है,उन्हें राजाओं का गुरु भी कहा जाता है।