खौफ का साया-बमठी गांव में गुलदार का कहर 60 वर्षीय महिला को बनाया निवाला,ग्रामीणों में उबाल

पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद पौड़ी गढ़वाल के मुख्यालय से सटे बमठी गांव में गुरुवार सुबह घटी एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे क्षेत्र को स्तब्ध कर दिया। एक खूंखार गुलदार (तेंदुआ) ने 60 वर्षीय महिला पर हमला कर उसे मौत के घाट उतार दिया। इस दर्दनाक हादसे के बाद गांव में जहां मातम पसरा है,वहीं लोगों के बीच भय और आक्रोश का माहौल गहरा गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार सुबह करीब 6 बजे महिला अपने घर के समीप खेतों में चारा-पत्ती लेने गई थी। इसी दौरान पहले से घात लगाए बैठे गुलदार ने अचानक उस पर हमला कर दिया। महिला की चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण घटनास्थल की ओर दौड़े,लेकिन तब तक गुलदार उसे घसीटते हुए जंगल की ओर ले जा चुका था। घटना के बाद ग्रामीणों ने साहस जुटाकर तलाश अभियान चलाया। काफी खोजबीन के बाद जंगल के भीतर महिला का क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ। इस हृदयविदारक दृश्य ने पूरे गांव को शोक और सन्नाटे में डुबो दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में गुलदार का आतंक कोई नई बात नहीं है। लंबे समय से यह समस्या विकराल रूप लेती जा रही है। पहले जहां मवेशियों पर हमले होते थे,अब इंसान भी इसके निशाने पर आ गए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद वन विभाग की ओर से अब तक कोई ठोस और स्थायी समाधान नहीं निकाला गया है। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने वन विभाग और प्रशासन के खिलाफ कड़ा विरोध जताया है। लोगों ने मांग की है कि आदमखोर बन चुके इस गुलदार को तत्काल पकड़ने या मार गिराने की कार्रवाई की जाए। साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि जल्द प्रभावी कदम नहीं उठाए गए,तो ग्रामीण उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होंगे। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई है और क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है। अधिकारियों ने ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील करते हुए कहा है कि अकेले आवाजाही न करें और विशेषकर सुबह-शाम के समय अतिरिक्त सावधानी बरतें। यह घटना एक बार फिर पहाड़ी क्षेत्रों में बढ़ते मानव-वन्यजीव संघर्ष की गंभीर तस्वीर पेश करती है,जहां सुरक्षा और समाधान की तत्काल आवश्यकता महसूस की जा रही है।
